सब बोलते थे – “ये लड़की कभी पतली नहीं हो सकती” – फिर उसने किया ऐसा काम कि गांव की महिलाएं भी हैरान रह गईं

रेखा, 22 साल की, एक छोटे से गांव से है। उसका वजन बचपन से ही ज़्यादा था – 75 किलो के आसपास। स्कूल में बच्चे उसे “हाथी”, “ट्रक” कहकर चिढ़ाते थे। लेकिन असली चोट तब लगी जब उसकी शादी की बात चली और रिश्ते वालों ने मना कर दिया – “ये लड़की कभी पतली नहीं हो सकती।”
रेखा ने ठान लिया – अब सबको जवाब अपने शरीर से दूंगी। पर जिम, डाइट, महंगे शेक – सब शहरों वाली बातें थीं। तब उसने एक वीडियो देखा – “गांव में रहकर भी घटाइए वजन – Dr. Sunanda Sahu की देसी थैली थेरेपी।”
इस प्लान में था – सुबह खाली पेट जीरा-सौंफ-मेथी पानी, दोपहर में सिर्फ रागी या ज्वार की रोटी और मूंग की सब्ज़ी, रात को त्रिफला का काढ़ा। और खास बात – पेट पर गरम पानी की थैली दिन में दो बार 15 मिनट रखनी होती थी।

40 दिन में रेखा का वजन 8 किलो घट गया। गांव की आंटियां, जो ताने मारती थीं – अब उससे नुस्खे पूछ रही थीं। उसकी शादी भी उसी साल हो गई – और पति ने कहा – “तुम्हारी मेहनत से मैं इंप्रेस हो गया।”
Dr. Sunanda Sahu कहती हैं – “जहाँ संसाधन नहीं होते, वहाँ संकल्प काम करता है।”

Disclaimer: यह ब्लॉग एक रियल घटना पर आधारित है। घरेलू उपाय अपनाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।