टाइप 2 डायबिटीज में परहेज क्या है?

टाइप 2 डायबिटीज में सबसे जरूरी बात होती है परहेज, खासकर खानपान से जुड़ा हुआ। अगर सही चीजें खाईं जाएं और गलत चीजों से बचा जाए तो शुगर लेवल को बिना दवा के भी काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है।
“डायबिटीज में इलाज से ज्यादा जरूरी है परहेज।” – डॉ. सुनंदा साहू (BNYS)
1. मीठी चीजों से परहेज
चीनी, मिठाइयाँ, शरबत, कोल्ड ड्रिंक, केक, कुकीज जैसे हाई-शुगर फूड्स ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ाते हैं। इन्हें पूरी तरह से टालें।
2. रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट से बचें
मैदा, सफेद चावल, सफेद ब्रेड जैसे फूड्स में फाइबर कम होता है और ये तुरंत ग्लूकोज में बदलते हैं। इनसे बचना जरूरी है।
3. डीप फ्राइड और जंक फूड से दूरी
समोसे, पकोड़े, पिज्जा, बर्गर आदि में ट्रांस फैट्स होते हैं जो शरीर की इंसुलिन सेंसिटिविटी को कम करते हैं।
4. अधिक नमक और प्रॉसेस्ड फूड से परहेज
नमकीन, चिप्स, अचार और डिब्बाबंद खाद्य पदार्थों में हाई सोडियम होता है जो ब्लड प्रेशर और डायबिटीज दोनों को बिगाड़ सकता है।
5. फल तो खाएं लेकिन सावधानी से
आम, लीची, अंगूर, केले जैसे मीठे फलों को सीमित मात्रा में खाएं। इनके बजाय सेब, अमरूद, पपीता और नाशपाती बेहतर विकल्प हैं।
टाइप 2 डायबिटीज में क्या खाएं?
- फाइबर युक्त आहार – जैसे ओट्स, ब्राउन राइस, ज्वार, बाजरा
- हरी सब्जियां – पालक, करेला, मेथी, सहजन
- प्रोटीन – मूंग दाल, चना, पनीर, अंडा (बिना पीला भाग)
- लो GI फल – जैसे सेब, अमरूद
- मेथी, अलसी, दालचीनी – ये शुगर कम करने में सहायक हैं
खाने का सही तरीका
- दिन में 5-6 बार थोड़ा-थोड़ा खाएं
- भोजन के बीच लंबा गैप न रखें
- हर भोजन में प्रोटीन और फाइबर शामिल करें
- रात का खाना हल्का और जल्दी करें
निष्कर्ष
टाइप 2 डायबिटीज में परहेज ही असली इलाज है। थोड़ी सी समझदारी और नियमित खानपान से आप अपनी शुगर को नियंत्रित कर सकते हैं और लंबी बीमारी से बच सकते हैं। याद रखें, डायबिटीज पर कंट्रोल आपके हाथ में है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। कृपया अपनी डायबिटीज डाइट को लेकर किसी विशेषज्ञ या डॉक्टर की सलाह जरूर लें।