क्या केले से बढ़ती है शुगर? सच्चाई जानिए

लेखिका: डॉ. सुनंदा साहू (BNYS)
डायबिटीज़ के मरीज़ों को अक्सर यह सलाह दी जाती है कि फल खाने से पहले दो बार सोचें। खासकर केले को लेकर लोगों में सबसे ज़्यादा कन्फ़्यूजन रहता है। क्या केला शुगर लेवल बढ़ाता है? या ये एक सेहतमंद विकल्प है? आइए जानते हैं सच्चाई, डॉ. सुनंदा साहू (BNYS) के अनुसार।
केले में क्या होता है?
केला एक प्राकृतिक फल है जो पोटैशियम, विटामिन B6, फाइबर और कार्बोहाइड्रेट से भरपूर होता है। इसमें ग्लूकोज और फ्रुक्टोज जैसे नैचुरल शुगर पाए जाते हैं, जो शरीर को फौरन एनर्जी देने में मदद करते हैं।
ग्लाइसेमिक इंडेक्स की भूमिका
केले का ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) लगभग 51 है, जो इसे मध्यम GI फूड बनाता है। इसका मतलब है कि केला धीरे-धीरे ब्लड शुगर को बढ़ाता है, न कि झटके से।
डॉ. साहू कहती हैं: “यदि आप केला खा रहे हैं तो यह ज़रूरी है कि आप उसे सीमित मात्रा में लें और प्रोटीन या फाइबर से भरपूर चीज़ों के साथ खाएं ताकि शुगर का स्पाइक न हो।”
डायबिटिक लोगों के लिए केला – हां या ना?
- यदि आपका शुगर लेवल कंट्रोल में है, तो आप छोटा या आधा केला ले सकते हैं।
- पके हुए पीले केले के बजाय थोड़े हरे केले का सेवन बेहतर हो सकता है क्योंकि उनमें रेसिस्टेंट स्टार्च ज्यादा होता है।
- खाली पेट या मिठाई के बाद केले का सेवन न करें।
- कभी भी एक साथ दो केले न खाएं।
केला किसके लिए नहीं?
जिन लोगों की फास्टिंग शुगर लगातार 200 mg/dL से ऊपर रहती है, उन्हें केले से परहेज़ करना चाहिए। यह ब्लड शुगर में अनावश्यक उछाल ला सकता है।
केले का बेहतर तरीका क्या है?
अगर आप केला खाना चाहते हैं तो इसे भीगे हुए चने या मूंग दाल के साथ लें। इससे शुगर का असर कम हो जाता है। आप केला दोपहर के खाने के 2 घंटे बाद ले सकते हैं।
निष्कर्ष
केला पूरी तरह से मना नहीं है लेकिन मात्रा और टाइमिंग का ध्यान रखना बेहद ज़रूरी है। डायबिटीज़ में सबसे अहम है बैलेंस और मॉनिटरिंग। अगर सही तरीके से खाया जाए, तो केला भी आपकी डाइट का हिस्सा बन सकता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। किसी भी प्रकार की चिकित्सा सलाह के लिए अपने डॉक्टर या न्यूट्रिशनिस्ट से परामर्श अवश्य लें।